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यवतमाल जिले में सूखे की स्थिति को देखते हुए जिला आपूर्ति विभाग ने सार्वजनिक वितरण प्रणाली के तहत अनाज वितरण जारी रखा है।
जिले की कुल 2,044 उचित मूल्य की राशन दुकानों तक अक्टूबर महीने का अनाज पहुंच चुका है और वितरण सुचारू रूप से चल रहा है।
नवंबर 2026 के लिए 40,600 क्विंटल गेहूं, 50,910 क्विंटल चावल और 16,238 क्विंटल ज्वार का नियतन मंजूर किया गया है।
Yavatmal Food Supply Department: यवतमाल जिले में सूखे की स्थिति को देखते हुए आम नागरिकों को अनाज की कमी का सामना न करना पड़े, इसके लिए जिला आपूर्ति विभाग ने सार्वजनिक वितरण प्रणाली के तहत अनाज वितरण की व्यवस्था की है।
जिले की कुल 2,044 उचित मूल्य की राशन दुकानों के माध्यम से लाभार्थियों को अनाज वितरित किया जा रहा है। अक्टूबर महीने का अनाज सभी दुकानों तक पहुंच चुका है और वितरण सुचारू रूप से जारी है। सूखे की परिस्थिति में गरीब और जरूरतमंद परिवारों को खाद्यान्न उपलब्ध कराना महत्वपूर्ण है।
इसी को ध्यान में रखते हुए प्रशासन ने सार्वजनिक वितरण प्रणाली के माध्यम से अनाज की आपूर्ति निर्वाध बनाए रखने पर जोर दिया है। नवंबर 2026 के लिए यवतमाल जिले को 40,600 क्विंटल गेहूं, 50,910 क्विंटल चावल और 16,238 क्विंटल ज्वार का नियतन मंजूर किया गया है। इस अनाज की उठाव प्रक्रिया शुरू है। यह जानकारी जिला आपर्ति अधिकारी संघपाल मेश्राम ने दी।
12 अक्टूबर की उपलब्ध जानकारी के अनुसार, जिले के गोदामों में 35,257 क्विंटल गेहूं, 40,936 क्विंटल चावल और 16,997 क्विंटल ज्वार का भंडार उपलब्ध था। सूखे की स्थिति में ग्रामीण क्षेत्रों के साथ ही जरूरतमंद परिवारों को राशन मिलने में किसी प्रकार की परेशानी न हो, इसके लिए उचित मूल्य की दुकानों के माध्यम से वितरण व्यवस्था प्रभावी ढंग से संचालित की जा रही है। जिले में उपलब्ध अनाज के भंडार और नियमित आपूर्ति से लाभार्थियों को राहत मिलने की उम्मीद है।