Maharashtra CM Medical Assistance Fund: सरकार ने मुख्यमंत्री वैद्यकीय सहायता निधि के अंतर्गत पहली बार बाल कैंसर रोगियों के निदान के लिए अलग से आर्थिक सहायता उपलब्ध कराने की पहल की है। महंगी जांचों के कारण उपचार में होने वाली देरी को रोकने और समय पर कैंसर की पहचान सुनिश्चित करने के उद्देश्य से मुख्यमंत्री सहायता निधि, भारत पेट्रोलियम कॉर्पोरेशन लिमिटेड और टाटा मेमोरियल सेंटर के बीच त्रिपक्षीय समझौता किया गया है।
इस विशेष पहल के तहत राज्य के 200 आर्थिक रूप से कमजोर बाल कैंसर मरीजों को कैंसर की पुष्टि के लिए आवश्यक महंगी चिकित्सीय जांचों के लिए आर्थिक सहायता प्रदान की जाएगी।
योजना के अंतर्गत से 18 वर्ष आयु वर्ग के पात्र बच्चे-किशोरों को कैंसर के प्रारंभिक और उन्नत स्तर के निदान के लिए आवश्यक महंगी जांचों का खर्च वहन करने में सहायता मिलेगी। इससे आर्थिक तंगी के कारण जांच में होने वाली देरी कम होगी और समय पर बीमारी का पता लगाकर उपचार शीघ्र शुरू किया जा सकेगा।
इस योजना की शुरुआत के पहले 2 महीनों में ही 59 बाल मरीजों को करीब 50 लाख रुपये की आर्थिक सहायता प्रदान की जा चुकी है। इन सभी बच्चों का कैसर निदान टाटा मेमोरियल अस्पताल मुंबई में किया गया।
यह पहली बार है जब मुख्यमंत्री सहायता निधि के माध्यम से केवल कैंसर निदान के लिए अलग आर्थिक सहायता उपलब्ध कराई जा रही है। यह पहल आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों के लिए बड़ी राहत साबित हो रही है क्योंकि समय पर जांच होने से उपचार में देरी कम होगी और बच्चों के स्वस्थ होने की संभावना बढ़ेगी।
यह भी पढ़ें:-नागपुर वन्यजीवों के लिए ‘संजीवनी’ बना सेमिनरी हिल्स का TTC; 6 महीनों में 1,139 जानवरों-पक्षियों की बचाई जान!
मुख्यमंत्री सहायता निधि एवं धर्मादाय अस्पताल सहायता कक्ष के प्रमुख रामेश्वर नाईक ने बताया कि इस योजना के अंतर्गत कुल 200 पात्र बाल मरीजों को लाभदिया जाएगा जिनमें से अब तक 59 बच्चों को सहायता प्रदान की जा चुकी है। उन्होंने पात्र एवं जरूरतमंद परिवारों से अधिक जानकारी के लिए टोल-फ्री नंबर 1800-123-2211 पर संपर्क करने की अपील की।