Nagpur BRICS Transport Ministers Declaration: भारत की ब्रिक्स अध्यक्षता के तहत नागपुर में आयोजित तीसरी ब्रिक्स परिवहन मंत्रियों की बैठक कई महत्वपूर्ण निर्णयों के साथ संपन्न हुई। बैठक में सदस्य देशों ने सर्वसम्मति से मंत्री स्तरीय घोषणापत्र (नागपुर घोषणा) को अपनाते हुए परिवहन क्षेत्र में व्यापक सहयोग को नई दिशा देने पर सहमति व्यक्त की। यह घोषणापत्र सतत, सुरक्षित, आधुनिक और पर्यावरण अनुकूल परिवहन व्यवस्था विकसित करने की दिशा में ब्रिक्स देशों की साझा प्रतिबद्धता का प्रतीक माना जा रहा है।
बैठक का मुख्य आकर्षण मंत्री स्तरीय घोषणापत्र रहा जिसमें बुनियादी ढांचे में परिपत्र अर्थव्यवस्था (सर्कुलैरिटी) को बढ़ावा देने, टिकाऊ विमानन ईंधन (सस्टेनेबल एविएशन फ्यूल) के उपयोग को प्रोत्साहित करने, परिवहन क्षेत्र में कार्बन उत्सर्जन कम करने, शहरी गतिशीलता हब (अर्बन मोबिलिटी हब) विकसित करने, लॉजिस्टिक्स एवं आपूर्ति श्रृंखला सहयोग को मजबूत करने तथा ब्रिक्स रेलवे अनुसंधान नेटवर्क स्थापित करने जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर साझा कार्ययोजना तैयार की गई। इन पहलों से व्यापारिक संपर्क, परिवहन दक्षता और तकनीकी सहयोग में उल्लेखनीय वृद्धि होगी। साथ ही पर्यावरण संरक्षण, हरित ऊर्जा और टिकाऊ परिवहन प्रणाली को भी बढ़ावा मिलेगा।
विशेषज्ञों का मानना है कि नागपुर घोषणापत्र केवल परिवहन क्षेत्र तक सीमित नहीं है बल्कि यह ब्रिक्स देशों के बीच आर्थिक सहयोग, व्यापार सुगमता, हरित विकास और तकनीकी नवाचार को भी नई गति देगा, साझा अनुसंधान, आधुनिक परिवहन तकनीकों के आदान-प्रदान और टिकाऊ विकास के माध्यम से यह पहल वैश्विक परिवहन व्यवस्था में ब्रिक्स देशों की भूमिका को और अधिक मजबूत करेगी।
भारत ने सभी ब्रिक्स सदस्य देशों की रचनात्मक भागीदारी और सकारात्मक सहयोग की सराहना करते हुए कहा कि इस बैठक में लिए गए निर्णयों और पहलों को ब्रिक्स की अगली अध्यक्षता तक प्रभावी ढंग से आगे बढ़ाने के लिए वह पूरी तरह प्रतिबद्ध है। यह भी स्पष्ट किया कि सदस्य देशों के बीच समन्वय और सहयोग को लगातार मजबूत किया जाएगा।
4 दिवसीय कार्यक्रम में ब्रिक्स देशों के परिवहन मंत्री, वरिष्ठ अधिकारी और तकनीकी विशेषज्ञ शामिल हुए। इस दौरान वरिष्ठ अधिकारियों की बैठक, परिवहन मंत्रियों की बैठक तथा कई द्विपक्षीय वार्ताएं आयोजित की गई।
विभिन्न देशों के प्रतिनिधियों ने परिवहन अवसंरचना, डिजिटल तकनीक, हरित ऊर्जा, रेलवे विकास, सड़क सुरक्षा और लॉजिस्टिक्स सुधार जैसे विषयों पर विचार-विमर्श किया।
घोषणापत्र में ब्रिक्स देशों की साझा सोच, समान भागीदारी और आपसी सहमति की भावना स्पष्ट रूप से दिखाई दी। बैठक के दौरान सभी सदस्य देशों ने परिवहन क्षेत्र में दीर्घकालिक सहयोग को मजबूत करने की आवश्यकता पर बल दिया।
केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी ने बैठक की सफलता पर सभी सदस्य देशों के प्रतिनिधियों का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि सभी देशों के सहयोग, सकारात्मक दृष्टिकोण और सर्वसम्मति से यह महत्वपूर्ण घोषणापत्र अपनाया जा सका।
उन्होंने विश्वास जताया कि नागपुर घोषणापत्र भविष्य में ब्रिक्स देशों के बीच परिवहन क्षेत्र में सहयोग को नई ऊंचाइयों तक ले जाएगा तथा वैश्विक स्तर पर टिकाऊ परिवहन व्यवस्था विकसित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।
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बैठक के दौरान आयोजित सांस्कृतिक प्रस्तुतियों में समृद्ध सांस्कृतिक विरासत और विविधता की झलक देखने को मिली। इन कार्यक्रमों ने प्रतिनिधि मंडलों के बीच आपसी समझ को मजबूत करने, जन-से-जन संपर्क बढ़ाने तथा व्यक्तिगत और संस्थागत संबंधों को और अधिक सुदृढ़ बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।