चेक बाउंस से बचें। (सौजन्यः सोशल मीडिया) 
नागपुर

Nagpur News: चेक बाउंस से बचें, 885 रुपये का भारी जुर्माना बचाएं, जानें क्या करें उपाय

चेक बाउंस होने से आपका CIBIL स्कोर खराब हो सकता है। इसके अलावा, आर्थिक दंड के साथ-साथ बिजली आपूर्ति बंद करने की कार्रवाई भी की जा सकती है।

आंचल लोखंडे

नागपुर: महावितरण अपने ग्राहकों को बिजली बिलों का भुगतान करने के लिए ऑनलाइन और ऑफलाइन दोनों विकल्प प्रदान करता है। हालांकि, जो उपभोक्ता ऑफलाइन यानी चेक से बिल का भुगतान करते हैं, उनमें हजारों उपभोक्ताओं के चेक हर महीने विभिन्न कारणों से बाउंस हो जाते हैं, जिससे उपभोक्ताओं को 885 रुपये का आर्थिक नुकसान होने के साथ ही मानसिक परेशानी भी होती है।

बिजली बिल का भुगतान करने के लिए दिए गए प्रत्येक बाउंस चेक के लिए 750 रुपये का जुर्माना और 18 प्रतिशत जीएसटी या बैंक शुल्क, जो भी अधिक हो, लगाया जाएगा। इसके परिणामस्वरूप उपभोक्ताओं पर 885 रुपये तक का जुर्माना लगाया जा सकता है। इसके अतिरिक्त, यदि चेक बाउंस के कारण बिल भुगतान में देरी होती है, तो अगले बिल पर विलंब शुल्क लगाया जाता है।

चेक बाउंस होने पर होने वाली हानियाँ:

यदि कोई चेक बाउंस हो जाता है, तो 1881 के परक्राम्य लिखत अधिनियम के तहत अपराध दर्ज किया जा सकता है और ग्राहक की चेक द्वारा बिलों का भुगतान करने की सुविधा कुछ समय के लिए निलंबित कर दी जाती है। चेक बाउंस होने से आपका CIBIL स्कोर खराब हो सकता है। इसके अलावा, आर्थिक दंड के साथ-साथ बिजली आपूर्ति बंद करने की कार्रवाई भी की जा सकती है।

चेक बाउंस होने के कारण:

गलत तारीख, जालसाजी, गलत हस्ताक्षर, गलत नाम और खाते में अपर्याप्त धनराशि के कारण चेक बाउंस हो जाते हैं।

चेक बाउंस से बचने के उपाय:

चेक बाउंस की परेशानी से बचने के लिए महावितरण ने ग्राहकों से ऑनलाइन बिल भुगतान विकल्प चुनने, चेक जारी करने से पहले खाते में पर्याप्त पैसा सुनिश्चित करने, बिजली बिल भुगतान की समय सीमा से कम से कम तीन दिन पहले चेक जमा करने और चेक जमा करते समय कोई गलती न करने का ध्यान रखने की अपील की है। महाराष्ट्र की अन्य खबरें पढ़ने के लिए इस लिंक पर क्लिक करें...

ऑनलाइन बिल भुगतान के लाभ:

यदि आप अपना बिजली बिल ऑनलाइन भुगतान करते हैं तो आपको 0.25 प्रतिशत (500 रुपये तक) की छूट मिलती है। इसके अलावा, आप घर बैठे कभी भी अपने बिलों का भुगतान कर सकते हैं। ऑनलाइन बिल भुगतान सुरक्षित है और बिजली बिल का भुगतान महावितरण की वेबसाइट, मोबाइल ऐप और अन्य भुगतान ऐप के माध्यम से किया जा सकता है।

ऑनलाइन बिल भुगतान के विकल्प:

बिजली बिल का भुगतान महावितरण की वेबसाइट (www.mahadiscom.in), महावितरण के मोबाइल ऐप, महापावर पे, पेमेंट वॉलेट (फोन पे, गूगल पे, मीटीएम, क्रेडिट कार्ड), डेबिट कार्ड, यूपीआई, भीम, इंटरनेट बैंकिंग, मोबाइल बैंकिंग के माध्यम से किया जा सकता है।

इसके अलावा, कम वोल्टेज श्रेणी में औद्योगिक, वाणिज्यिक और घरेलू या सोसायटी बिजली उपभोक्ताओं के 10,000 रुपये से अधिक राशि वाले बिजली बिलों का भुगतान आरटीजीएस या एनईएफटी के माध्यम से भी किया जा सकता है। इसलिए, महावितरण ने उपभोक्ताओं से वित्तीय बोझ, मानसिक परेशानी और समय बचाने के लिए चेक के बजाय ऑनलाइन बिलों का भुगतान करने की अपील की है।

(उप मुख्य जनसंपर्क अधिकारी, महावितरण, नागपुर द्वारा जनहितार्थ जारी)

रांची में बवाल! विधानसभा से भगाए गए प्रदर्शनकारी, देवेंद्र नाथ महतो को एंबुलेंस से ले गई पुलिस-VIDEO

JPSC Exam Scam: JPSC-JSSC भर्ती परीक्षा धांधली की ED जांच शुरू, मनी ट्रेल खंगालने रांची पहुंची 5 सदस्यीय टीम

अवैध बांग्लादेशियों पर कसा शिकंजा, बेंगलुरु पुलिस का ताबड़तोड़ एक्शन; 100 से अधिक विदेशियों की हुई पहचान

आज की ताजा खबर 10 अगस्त LIVE: रांची में पुलिस के सामने राष्ट्रगान गाने लगे छात्र; पुलिस ने किया लाठीचार्ज

SBI Vacancy 2026: ग्रेजुएट युवाओं के लिए SBI में नौकरी का मौका, 1,538 पदों पर भर्ती, जानें योग्यता व सैलरी