चिंतित किसान प्रतीकात्मक तस्वीर (सोर्स- सोशल मीडिया)  
गोंदिया

गोंदिया में धान के बीज अंकुरित न होने पर कृषि विभाग का बड़ा एक्शन, 9 फ्लाइंग स्क्वॉड ने रोकी बिक्री

Gondia Paddy Seed: गोंदिया जिले में विजन 20-20 कंपनी के धान के बीज अंकुरित न होने की करीब 100 शिकायतें मिलने के बाद कृषि विभाग ने सख्त एक्शन लेते हुए कंपनी के बीजों की बिक्री पर रोक लगा दी है।

केतकी मोडक

Fake Fertilizer Seed Supply Gondia: खरीफ सीजन में नकली बीज और खाद न बिकें, यह सुनिश्चित करने के लिए कृषि विभाग ने 9 फ्लाइंग स्क्वॉड बनाए हैं। गोंदिया जिले में कुछ नकली बीज कंपनियों की बिक्री के बारे में करीब सौ शिकायतें मिली थीं। संबंधित कंपनी से बात करने के बाद किसानों को दूसरे बीज दिए गए। कृषि विभाग ने उस कंपनी द्वारा नकली बीजों की बिक्री रोकने का आदेश जारी किया।

खरीफ मौसम में किसान मुख्य रूप से धान, मक्का और अरहर की फसलें उगाते हैं। मौसम की शुरुआत में जिले में बीज और खाद की कमी न हो, इसके लिए कृषि विभाग ने विशेष नियोजन किया था। नकली बीज और खाद बेचने वालों पर कार्रवाई करने के लिए 9 फ्लाइंग स्क्वॉड बनाए गए। इन फ्लाइंग स्क्वॉड के अधिकारियों ने बीज और खाद पर कड़ी नजर रखी। पता चला कि जिले के अलग-अलग हिस्सों में कुछ विशेष कंपनियों के बीज नकली थे।

इसमें मुख्य रूप से विजन 20-20 कंपनी शामिल है। किसानों ने इस बारे में कृषि विभाग में शिकायत दर्ज कराई। शिकायत पर तुरंत संज्ञान लेते हुए कृषि विभाग ने संबंधित कंपनी के बीजों की बिक्री रोकने का आदेश जारी किया। कंपनी के अधिकारियों को समझाया गया। कृषि विभाग की बात को मानते हुए कृषि अधीक्षक नीलेश कानवड़े ने कहा कि किसानों को दूसरे बीज दिए गए। कृषि विभाग को धान के बीज के नकली होने की करीब 100 शिकायतें मिली थीं। किसानों को दूसरे बीज दिए गए। विभाग का कहना है कि शिकायतों के समाधान से किसान संतुष्ट हैं।

बदलने के बाद अच्छे मिले बीज

किसान सीताराम खोटेले ने कहा है कि हमारे गांव के कुछ बीज विजन 20-20 नकली पाए गए। लेकिन कृषि विभाग की मदद से उन बीजों को बदलकर नए बीज दिए गए। इससे कोई आर्थिक असर नहीं हुआ। बदलने के बाद मिले बीज अच्छी क्वालिटी के थे।

कंपनी ने दूसरे बीज प्रदान किए

गोंदिया जिला कृषि अधीक्षक नीलेश कानवड़े ने कहा है कि जिले में विजन 20-20 कंपनी के बीज बोगस पाए गए। शिकायतें मिलते ही कंपनी से संपर्क किया गया और किसानों को बेहतर क्वालिटी के बीज देने की सलाह दी गई। इसके बाद कंपनी ने किसानों को दूसरे बीज दिए। पहले के बीजों की बिक्री रोकने के आदेश जारी किए गए। इसके अलावा जिले में कोई और बोगस बीज नहीं मिला।

विभाग में जाने पर मिली राहत

पांढराबोडी किसान ईशुलाल चव्हाण ने कहा है कि जिले के कुछ किसानों ने विजन 20-20 कंपनी के धान के बीज खरीदे थे। लेकिन, वे अंकुरित नहीं हुए। इसलिए, किसान कृषि विभाग पहुंचे। शिकायत के अनुसार, बीज बदल दिए गए। इसलिए, वे खुश हैं। इसके अलावा, पैसे भी बच गए।

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