460 अतिक्रमण हटाए: रोशन गेट से चंपा चौक तक 17 अक्टूबर को कार्रवाई हुई।
दो दिन की मोहलत: चंपा चौक-जिंसी मार्ग के व्यापारियों ने खुद अतिक्रमण हटाने का भरोसा दिया।
पुलिस बंदोबस्त जरूरी: मनपा को कार्रवाई से कम से कम दो दिन पहले पुलिस को पत्र भेजना होगा।
Encroachment Removal In Sambhajinagar: छत्रपति संभाजीनगर की सड़कों को अतिक्रमण मुक्त बनाने के लिए महानगरपालिका ने अभियान तेज कर दिया है। रोशन गेट से चंपा चौक तक 460 अतिक्रमण हटाने के बाद अब चंपा चौक से जिंसी मार्ग पर कार्रवाई की तैयारी थी।
हालांकि, स्थानीय नागरिकों और व्यापारियों ने अपने स्तर पर अतिक्रमण हटाने के लिए दो दिन का समय मांगा। मनपा प्रशासन ने उनकी मांग स्वीकार करते हुए 21 अक्टूबर को प्रस्तावित कार्रवाई फिलहाल टाल दी है। अब तय समय में अतिक्रमण हटाए जाते हैं या प्रशासन को दोबारा कार्रवाई करनी पड़ती है, इस पर सबकी नजर रहेगी।
पुराने शहर के प्रमुख मार्गों पर अतिक्रमण के कारण ट्रैफिक जाम हो रहा है। सड़क किनारे किए गए अवैध निर्माण और अन्य बाधाओं से आवागमन में परेशानी होने की शिकायतों के बाद मनपा ने अतिक्रमण हटाने का अभियान शुरू किया है।
17 अक्टूबर को रोशन गेट से चंपा चौक के बीच अभियान चलाकर 460 अतिक्रमण हटाए गए थे। इसके बाद अगले चरण में चंपा चौक से जिंसी मार्ग को अतिक्रमण मुक्त करने की योजना बनाई गई थी। बुधवार को कार्रवाई शुरू होने से पहले ही स्थानीय नागरिकों और व्यापारियों ने अतिक्रमण नियंत्रण अधिकारी संतोष वाहुले से मुलाकात की।
उन्होंने सड़क से अतिक्रमण स्वयं हटाने के लिए दो दिन का समय मांगा। साथ ही आश्वासन दिया कि निर्धारित अवधि में अतिक्रमण हटा लिए जाएंगे। नागरिकों ने यह भी कहा कि यदि समय सीमा समाप्त होने के बाद अतिक्रमण बने रहते हैं, तो मनपा कार्रवाई कर सकती है।
प्रशासन ने नागरिकों की मांग पर विचार करते हुए दो दिन की मोहलत दी है। इसके कारण नियोजित अभियान अस्थायी रूप से स्थगित हो गया है। अब यह देखना महत्वपूर्ण होगा कि संबंधित लोग स्वयं अतिक्रमण हटाते हैं या छत्रपति संभाजीनगर मनपा को अभियान दोबारा चलाना पड़ता है।
अतिक्रमण हटाने के दौरान कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए मनपा को पुलिस बल की आवश्यकता होती है। इसके लिए पुलिस आयुक्त को पत्र भेजकर बंदोबस्त मांगा जाता है। सूत्रों के अनुसार, कई बार अंतिम समय में पत्र भेजे जाने से पुलिस बल की व्यवस्था करने में कठिनाई होती है।
इसी कारण पुलिस प्रशासन ने कार्रवाई से कम से कम दो दिन पहले बंदोबस्त के लिए पत्र भेजने का सुझाव दिया है। अब मनपा के सामने दोहरी चुनौती है। एक ओर सड़कों को अतिक्रमण मुक्त कर यातायात सुचारु बनाना है, तो दूसरी ओर नागरिकों को दी गई मोहलत के बाद कार्रवाई को प्रभावी ढंग से आगे बढ़ाना है।