Chhatrapati Sambhajinagar Water Supply Review Devendra Fadnavis: छत्रपति संभाजीनगर लंबे समय से धीमी गति से चल रही शहर की नई जलापूर्ति योजना को अब तेज गति देने की तैयारी शुरू हो गई है। मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस की अध्यक्षता में मुंबई में हुई उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक के बाद राज्य सरकार ने परियोजना की प्रगति पर सीधे नजर रखने का निर्णय लिया है। इसी क्रम में अगले सप्ताह राज्य स्तर के वरिष्ठ अधिकारी छत्रपति संभाजीनगर पहुंचकर परियोजना का स्थल निरीक्षण करेंगे और काम में आ रही बाधाओं का विस्तृत आकलन करेंगे।
सरकारी सूत्रों के अनुसार, बैठक में स्पष्ट किया गया कि शहर की बढ़ती आबादी को भविष्य में पर्याप्त और नियमित पेयजल उपलब्ध कराने के लिए यह परियोजना अत्यंत महत्वपूर्ण है। हालांकि विभिन्न कारणों से कार्य अपेक्षित गति से आगे नहीं बढ़ पाया है।
इसे देखते हुए संबंधित विभागों को कार्य में तेजी लाने और प्रत्येक चरण की समयबद्ध योजना तैयार करने के निर्देश दिए गए हैं। बैठक में महाराष्ट्र जीवन प्राधिकरण को दस दिनों के भीतर परियोजना की विस्तृत कार्ययोजना प्रस्तुत करने को कहा गया है। इस कार्ययोजना में लंबित कार्य, उनकी समय-सीमा, उपलब्ध संसाधन तथा निर्माण कार्य की प्रगति का पूरा ब्यौरा शामिल रहेगा। शासन का उद्देश्य केवल समीक्षा बैठकें करना नहीं, बल्कि परियोजना को तय समय में पूरा कर शहरवासियों को बेहतर जलापूर्ति उपलब्ध कराना है।
सूत्रों का कहना है कि नगर विकास विभाग के अपर सचिव गोविंदराज, महाराष्ट्र जीवन प्राधिकरण के सदस्य सचिव रंगा नायक तथा जलापूर्ति विभाग के सचिव पराग जैन के अगले सप्ताह संभाजीनगर आने की संभावना है। यह दल परियोजना के विभिन्न स्थलों का निरीक्षण करेगा, निर्माण कार्य की वास्तविक स्थिति का जायजा लेगा और जिन कारणों से काम प्रभावित हो रहा है, उन्हें दूर करने के लिए आवश्यक निर्देश जारी करेगा।
जानकारी के अनुसार, सचिव स्तर के अधिकारियों की रिपोर्ट मिलने के बाद अगले सप्ताह के अंत में मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस एक बार फिर परियोजना की प्रगति की समीक्षा कर सकते हैं। निरीक्षण रिपोर्ट के आधार पर आगे की प्रशासनिक और तकनीकी मंजूरियों पर निर्णय लिया जाएगा। शासन का पूरा जोर इस महत्वाकांक्षी जलापूर्ति योजना को निर्धारित समय में पूरा कर शहर के नागरिकों को निर्बाध और पर्याप्त पेयजल उपलब्ध कराने पर रहेगा।
छत्रपति संभाजीनगर मनपा की ओर से गत 6 महीनों से भुगतान लंबित होने का आरोप लगाते हुए ठेकेदारों ने टैंकर सेवा बंद कर दी है। गुरुवार को भी कोई निर्णय नहीं हुआ व शहर के नो-नेटवर्क क्षेत्रों में टैंकरों के जरिए पानी पहुंचाने वाली सेवा लगातार दूसरे दिन भी ठप रही व तीन लाख नागरिकों को पानी के लिए इंतजार करना पड़ा। हालांकि, शाम तक एक एजेंसी का भुगतान किया गया, परंतु दूसरी एजेंसी राम इंफ्रास्ट्रक्चर का बिल लंबित रहने से कई क्षेत्रों में जलापूर्ति बहाल नहीं हो सकी।
– नवभारत लाइव के लिए छत्रपति संभाजीनगर से शफीउल्ला हुसैनी की रिपोर्ट