Public Examinations Bill 2026: मंगलवार को लोकसभा में लोक परीक्षा (अनुचित साधन निवारण) संशोधन विधेयक, 2026 पर चर्चा के दौरान विपक्ष ने जमकर सरकार पर हमला बोला। सरकार की तरफ से 27 जुलाई को केंद्रीय राज्य मंत्री डॉ. जितेंद्र सिंह ने लोकसभा में यह विधेयक पेश किया था। इस विधेयक का उद्देश्य देशभर में एसएससी, यूपीएससी, रेलवे भर्ती बोर्ड, समेत विभिन्न संस्थानों द्वारा आयोजित परीक्षाओं में नकल, पेपर लीक जैसी गड़बड़ियों को रोकना है।
विधेयक पर चर्चा के दौरान समाजवादी पार्टी के मुखिया और पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने सरकार पर पेपर लीक को राम मंदिर में चंदा चोरी से जोड़कर तंज कसा। भाजपा सरकार पर तंज कसते हुए अखिलेश यादव ने कहा कि जो लोग चढ़ावे की चोरी नहीं रोक पाए, वे पेपर लीक कैसे रोक सकते हैं?
लोकसभा में पब्लिक एग्जामिनेशन (अनुचित साधनों की रोकथाम) संशोधन बिल, 2026 पर चर्चा के दौरान सपा सांसद अखिलेश यादव ने बीजेपी पर तंज कसते हुए कहा कि जो लोग चढ़ावे की चोरी नहीं रोक पाए, वे पेपर लीक कैसे रोक सकते हैं? उन्होंने कहा कि मौजूदा कानून में बस एक संशोधन पेश किया गया है। आप किसे धोखा देने की कोशिश कर रहे हैं?
पेपर लीक पर सरकार को घेरते हुए अखिलेश ने कहा कि अगर कानून असरदार होता तो BJP के दस साल के कार्यकाल में 20 परीक्षाओं के पेपर कैसे लीक हो गए?
इससे पहले अखिलेश यादव ने मीडिया से बातचीत के दौरान भाजपा पर देश की शिक्षा व्यवस्था को बर्बाद करने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि जब से बीजेपी सरकार आई है, उन्होंने शिक्षा, परीक्षाओं और विश्वविद्यालयों को बर्बाद करने और उन्हें एक ही रंग में रंगने की कोशिश की है।
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अखिलेश ने कहा कि इससे छात्रों में गुस्सा पैदा हो रहा था, इसलिए विरोध इतना बड़ा हो गया और दुनिया की सबसे बड़ी पार्टी को झुकना पड़ा। उन्होंने सरकार को नजरिया बदलने की नसीहत भी दे डाली।