By: Simran Singh
NavBharat Live Desk
आपके मोबाइल में एयरप्लेन मोड जरूर होगा, लेकिन क्या आपने कभी सोचा है कि इसका नाम “एयरप्लेन मोड” ही क्यों रखा गया?
All Source: Pinterest
एयरप्लेन मोड का सीधा कनेक्शन हवाई जहाज (Airplane) से है। पहले यात्रियों को उड़ान के दौरान मोबाइल इस्तेमाल करने से रोका जाता था।
वैज्ञानिकों का मानना था कि मोबाइल से निकलने वाले रेडियो सिग्नल, हवाई जहाज के नेविगेशन और कम्युनिकेशन सिस्टम में बाधा डाल सकते हैं।
इस खतरे से बचने के लिए मोबाइल कंपनियों ने एक ऐसा फीचर दिया, जो एक क्लिक में सभी नेटवर्क सिग्नल बंद कर दे यही बना एयरप्लेन मोड।
क्योंकि इसका सबसे पहला इस्तेमाल, हवाई यात्रा के दौरान किया गया, इसलिए इसका नाम पड़ा Airplane Mode।
एयरप्लेन मोड ऑन करते ही बंद हो जाते हैं: कॉलिंग, मोबाइल नेटवर्क, डेटा, ब्लूटूथ और Wi-Fi
अब टेक्नोलॉजी बदल चुकी है, फ्लाइट में Wi-Fi और सेफ सिस्टम आ चुके हैं, फिर भी नियमों के कारण एयरप्लेन मोड जरूरी है।
आज लोग एयरप्लेन मोड का इस्तेमाल करते हैं: बैटरी बचाने के लिए, बिना डिस्टर्ब सोने के लिए, नेटवर्क से ब्रेक लेने के लिए
हां! क्योंकि फोन नेटवर्क ढूंढना बंद कर देता है, जिससे बैटरी की खपत काफी कम हो जाती है।
तो अगली बार जब एयरप्लेन मोड ऑन करें, याद रखिए इसका नाम रखा गया हवाई जहाज की सुरक्षा के कारण और आज यह हमारी रोज़मर्रा की जरूरत बन चुका है