सिमरन सिंह
शरीर में खून की कमी यानी एनीमिया महिलाओं में बहुत अधिक पाया जाता है, जिससे थकान, कमजोरी, चक्कर और बाल झड़ने की समस्या होती है।
आंकड़ों के अनुसार हर दूसरी भारतीय महिला को अपने जीवन में कभी न कभी एनीमिया का सामना करना पड़ता है।
कई महिलाओं को हर महीने बहुत ज्यादा ब्लीडिंग होती है, जिसे मेनोरेजिया कहते हैं। यह खून की कमी की सबसे बड़ी वजहों में से एक है।
प्रेग्नेंसी के दौरान बच्चे की ग्रोथ में मां के खून का उपयोग होता है। अगर खान-पान सही न हो, तो महिला जल्दी एनीमिक हो जाती है।
महिलाएँ अक्सर कम खाना खाती हैं या हरी सब्जियाँ, दालें, मांस जैसे आयरन युक्त खाद्य पदार्थ कम लेती हैं, जिससे खून की कमी हो जाती है।
किडनी रोग, थायरॉइड या बार-बार होने वाले इन्फेक्शन भी एनीमिया को बढ़ावा देते हैं।
बार-बार प्रेग्नेंसी होने पर महिला ज्यादा खून नहीं बना पाती, जिससे एनीमिया का खतरा बढ़ जाता है।
यह लेख केवल सामान्य जानकारी के लिए है। किसी भी स्वास्थ्य संबंधी जानकारी पर अमल करने से पहले डॉक्टर या विशेषज्ञ की सलाह जरूर लें।