प्रीति शर्मा
हिंदू धर्म में किसी भी खास मौके पर हम मंदिर जरूर जाते हैं। यहां पर लोग भगवान की पूजा अर्चना करते हैं और आर्शीवाद मांगते हैं।
मंदिर जाते समय आपको एक चीज नोटिस की होगी कि हर मंदिर पर गुंबद बना होता है। आखिर यह गोल गुंबद क्यों बना होता है।
मंदिर के ऊपर बने गोल गुंबद के पीछे आध्यात्मिक और साइंटिफिक कारण भी है। इसका आकार बहुत ही महत्व रखता है।
माना जाता है कि गुंबद का आकार ब्रह्मांड और स्वर्ग का प्रतीक होता है। इससे ध्यान केंद्रित करने में आसानी होती है।
मंदिर में जब भी घंटियों या मंत्रो की आवाज होती है तो गुंबद के अंदर गुंजती है। कहते हैं कि इससे सकारात्मक ऊर्जा बनी रहती है।
मंदिर में बने गुंबद छतें हवा के प्रवाह को नियंत्रित करने में मदद करती है। जिसकी वजह से मंदिर का तापमान सही बना रहता है।
इसके अलावा मंदिर के ऊपर गोल गुंबद होने से इमारत को मजबूत मिलती है। यह प्राकृतिक आपदाओं को सहन कर सकता है।
सभी जानते हैं कि सैकड़ों साल पुराने मंदिर भी सही सलामत खड़े हैं जिनकी छत पर गोल गुंबद बना है।