आंचल लोखंडे
शरद पूर्णिमा (कोजागरी पूर्णिमा) हिंदू पंचांग के अनुसार आश्विन मास की पूर्णिमा को मनाई जाती है।
25 अक्टूबर 2026 को सुबह 11:55 बजे से होगा।
26 अक्टूबर 2026 को सुबह 9:41 बजे तक होगा।
शाम करीब 5:00 बजे से होगा।
25 अक्टूबर की रात 11:40 बजे से 26 अक्टूबर की सुबह 12:31 बजे तक होगी।
इस दिन हर्षण योग और रेवती नक्षत्र का संयोग बनता है।
मान्यता है कि इस रात चंद्रमा अपनी संपूर्ण 16 कलाओं से युक्त होकर अमृत वर्षा करता है।
दूध से बनी खीर को खुले आसमान के नीचे चांदनी के प्रकाश में रखकर बनाई जाती है।
इस रात मां लक्ष्मी पृथ्वी पर विचरण करती हैं।
ब्रज क्षेत्र में इसे रास पूर्णिमा के रूप में मनाया जाता है, जो भगवान श्रीकृष्ण की महारास लीला से जुड़ी है।