अंकिता पटेल
करवा चौथ पर सोलह शृंगार में मेहंदी का खास स्थान होता है। अगर आप इस बार हाथों पर कुछ नया और आकर्षक लगाना चाहती हैं, तो फ्लोरल बेल, मंडला, अरेबिक और पारंपरिक पैटर्न के विकल्प चुन सकते हैं।
फूलों और पत्तियों से बनी फ्लोरल बेल हाथों को नाजुक और खूबसूरत लुक देती है। इसे हथेली के एक कोने से शुरू करके उंगलियों तक ले जाया जा सकता है।
हथेली के बीचोंबीच गोल आकार में बनाया गया मंडला पैटर्न मेहंदी को संतुलित और सुंदर रूप देता है। इसके चारों ओर छोटी पंखुड़ियां, बारीक रेखाएं और बिंदियां बनाई जा सकती हैं।
अरेबिक मेहंदी में बड़ी फूलों की आकृतियों, घुमावदार बेलों और खाली जगहों का खूबसूरत मेल देखने को मिलता है। इसे हथेली से कलाई या उंगलियों की ओर बढ़ाया जा सकता है।
हाथों के पीछे जालीदार मेहंदी डिजाइन पारंपरिक और आकर्षक लगता है। इसमें बारीक लाइनों से जाल बनाया जाता है, जिसके साथ फूल, पत्तियां या छोटे डॉट्स जोड़े जा सकते हैं।
करवा चौथ के मौके पर करवा, छलनी और चांद की आकृतियों वाली मेहंदी खास थीम वाला लुक देती है। हथेली के बीच या पीछे इन प्रतीकों को फूलों और बेलों के साथ बनाया जा सकता है।
अगर आप कुछ खास और अलग चाहती हैं, तो दूल्हा-दुल्हन की आकृतियों वाला मेहंदी पैटर्न चुन सकती हैं। इसमें चेहरे की छोटी आकृतियों के साथ फूल, पत्तियां और बारीक बॉर्डर बनाए जा सकते हैं।
पूरे हाथ पर मेहंदी लगाने के बजाय सिर्फ उंगलियों पर छोटे फूल, पत्तियां, बिंदियां और जालीदार पैटर्न भी बनाए जा सकते हैं।
मोर की आकृति और पारंपरिक बेल-बूटों का मेल मेहंदी को खूबसूरत और कलात्मक रूप देता है। मोर के पंखों में बारीक डिजाइन बनाकर उसके आसपास फूल और पत्तियां जोड़ी जा सकती हैं।
अगर आप करवा चौथ पर हाथों को पूरी तरह मेहंदी से सजाना चाहती हैं, तो फुल हैंड डिजाइन चुन सकती हैं। इसमें मंडला, जाली, फूल, बेल और बारीक पैटर्न को एक साथ जोड़ा जा सकता है।