प्रीति शर्मा
भारत का सबसे बड़ा पुल पूर्वी भारत में स्थित है जिसे ढोला सादिया या भूपेन हजारिका सेतु के नाम से जानते हैं।
यह पुल लोहित नदी पर बना हुई है जो असम और अरुणाचल प्रदेश को आपस में जोड़ता है।
भूपेन हजारिका सेतु की लंबाई 9.15 किमी है। यह बांद्रा वर्ली सी लिंक से करीब 30 फीसदी ज्यादा लंबा है।
यह पुल असम के तिनसुकिया जिले में स्थित ढोला और सादिया गांवों को जोड़ता है जिसकी वजह से इसका नाम ढोला सादिया पड़ा।
इस पुल का उद्घाटन 2017 में पीएम नरेंद्र मोदी ने किया था। जिसके बाद इसका नाम भूपेन हजारिका सेतु रखा गया।
भूपेन हजारिका सेतु कुल 182 खंभों पर टिका है जिसके निर्माण में करीब 950 करोड़ रुपए लगे थे।
यह पुल भूकंप के झटकों को आसानी से झेल सकता है। यह इतना मजबूत है कि 60 टन के मैन बैटल टैंक भी गुजर सकते हैं।
इस विशाल पुल की वजह से असम और अरुणाचल प्रदेश के बीच की दूरी करीब 165 किमी कम हो गई है।