सिमरन सिंह
रामचरित मानस में लंकापति रावण और उसकी पत्नी मंदोदरी और पुत्र मेघनाथ का जिक्र किया गया है।
पर क्या आप जानते हैं कि उनकी दो पुत्रों भी थी
थाईलैंड की रामकियेन रामायण और कंबोडिया की रामकेर रामायण में रावण की बेटी का जिक्र है।
रावण की एक बेटी थी जिसका नाम सुवर्णमछा था, जो खूबसूरत और सोने की तरह थी।
युद्ध में जब वानर सेना के पत्थर गायब हुए तो हनुमान जी ने समुद्र में जाकर देखा।
हनुमान जी ने देखा कि समुद्र में कुछ लोग पत्थर ले जा रहे थे और एक कन्या उन्हें निर्देश दे रही थी।
सुवर्णमछा ने हनुमान जी को देखा तो उसे प्रेम हो गया, लेकिन हनुमान जी उसके मन को भांप गए।
हनुमान जी ने उससे पूछा कि वह कौन है तो उसने बताया कि वह रावण की बेटी सुवर्णमछा है।
हनुमान ने सुवर्णमछा को बताया कि रावण अधर्म कर रहा है तो सुवर्णमछा ने सभी पत्थर लौटा दिए।